देखो नभ में पड़ गए झूले,
धरा हुई फुलवारी,
जो कल तक थी दूर-परायी,
वो हुई आज हमारी,
अब उसकी मांग की रेखा में मेरा
श्रंगार हुआ है,
जो कल तक हारा राजा था वो
सम्राट हुआ है..!!
उसकी भोली-भाली सूरत या हो
उसके ग़जब नयन,
या मैं बोलू ओंठ गुलाबी या फिर
वो शर्मानापन,
अब उसके इन सब गहनों पर मेरा पावन
अधिकार हुआ है,
जो कल तक हारा राजा था वो
सम्राट हुआ है..!!
हर पल हँसना हँसते रहना मेरे
नयनो ने सीख़ लिया,
जो ज़ग की मीना-चविका थी
उसको हमने जीत लिया,
अरे, कुछ तो मेरी चाहत का
उस पर ख़ास हुआ है,
जो कल तक हारा राजा था वो
सम्राट हुआ है..!!
मैंने अपने प्रेम भाव को जिस
पुस्तक में उकेरा था,
उस पुस्तक का अंतिम पन्ना
बिल्कुल कोरा-अधूरा था,
पर उसकी प्रेम की कलम को पाकर
वो भी पूर्ण हुआ है,
जो कल तक हारा राजा था वो
सम्राट हुआ है..!!
धरा हुई फुलवारी,
जो कल तक थी दूर-परायी,
वो हुई आज हमारी,
अब उसकी मांग की रेखा में मेरा
श्रंगार हुआ है,
जो कल तक हारा राजा था वो
सम्राट हुआ है..!!
उसकी भोली-भाली सूरत या हो
उसके ग़जब नयन,
या मैं बोलू ओंठ गुलाबी या फिर
वो शर्मानापन,
अब उसके इन सब गहनों पर मेरा पावन
अधिकार हुआ है,
जो कल तक हारा राजा था वो
सम्राट हुआ है..!!
हर पल हँसना हँसते रहना मेरे
नयनो ने सीख़ लिया,
जो ज़ग की मीना-चविका थी
उसको हमने जीत लिया,
अरे, कुछ तो मेरी चाहत का
उस पर ख़ास हुआ है,
जो कल तक हारा राजा था वो
सम्राट हुआ है..!!
मैंने अपने प्रेम भाव को जिस
पुस्तक में उकेरा था,
उस पुस्तक का अंतिम पन्ना
बिल्कुल कोरा-अधूरा था,
पर उसकी प्रेम की कलम को पाकर
वो भी पूर्ण हुआ है,
जो कल तक हारा राजा था वो
सम्राट हुआ है..!!

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